सपने बुढ़ाती आंखों के

व्यापारी
हां, यहीं लिखा था
सौदागर का अर्थ 
भाषा कि किताबों में 
फिर सपनों के सौदागर का मतलब
सपने खरीदने और बेचने वाला

वो बेचता है सबकुछ 
रोटी से लेकर अंगिया तक 
किताबों से लेकर 
सपनों तक...सबकुछ 
सपनों का खरीदना
और बेचना
उनके लिए धंधा है

लेकिन तुम मत फंसना 
इनके मायाजाल में
ये तुम्हारे संघर्षों को खरीद लेंगे
प्लास्टिक नुमा खिलौनों को नचाकर
फिर तुम्हारे सपने 
'प्रॉडक्ट' बन जाएंगे
और उन उत्पादों को बेचने के लिए 
तुम्हारे सपनों का हवाला देंगे
अपने मुताबिक
चाहे वो कितने ही कोरे और भावनात्मक हो
उन्हें सिर्फ कीमत चाहिए 
तुम्हारे सपनों की
जो अब उत्पाद है 
उनके लिए
और उत्पादों को बेचना ही
सौदागरों का काम है
चाहे क्यों ना वो 
तुम्हारे सपने ही खरीदे

कब समझोगे तुम 
तुम्हारी 
सूखी आंखों का सपना
उत्पाद नहीं है
कि उसे बेच डालो 
तुम सपना समझ के 
झोपड़ पट्टी को बेच डालों
सपनों के महल के लिए 
फिर वहां खड़ी होगी
कोई एंटालिका 
और सपनों की कीमत 
तुम्हें बेघर बना गई होगी
क्योंकि एंटालिका की कीमत 
तय करने वाले 
अब सपने भी तय करने लगे है  
बुढ़ाती आंखों के...


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